सोशल मीडिया पर सावधान: 200 लड़कियों के फोटो चुराए फिर प्राइसटैग के साथ कालगर्ल बताकर शेयर किए

बुल्ली बाई एप और सुल्ली डिल्स को अभी लोग भूल भी नहीं पाए हैं कि एक और मामला सामने आ गया है. जिसमें लड़कियों के फोटो चुराकर उन्हें कॉलगर्ल बताया जाता था और उनके फोटो प्राइस टैग के साथ सोशल मीडिया पर वायरल कर दिए जाते थे.

सोशल मीडिया पर सावधान:  200 लड़कियों के फोटो चुराए फिर प्राइसटैग के साथ कालगर्ल बताकर शेयर किए
concept pic created by khabahdocs

web of social media: बुल्ली बाई और सुल्ली डिल्स पुरानी बात हो गई अब एक नया मामला सामने आया है. जिसमें शुभम नाम का लड़का अपने सर्किल में आई सभी लड़कियों के फोटो और वीडियोज को चुरता था और अपने फर्जी इंस्टाग्राम और टैलीग्राम एकाउंट पर अपलोड कर देता था. इन सभी लड़कियों की प्रोफाइलिंग करते समय शुभम इनको कॉलगर्ल बताता था और साथ ही इनकी प्रोफाइल पर उनके रेट भी दर्ज करता था. जब ये प्रोफाइल तैयार हो जाती तो वो इसे अपने इन दोनों एकाउंट्स पर पर्सनली भेज देता था. तय रेट वाली रकम मिलने पर लोगों को आश्वसत भी करता था कि जिस लड़की के लिए वो पैसे दे रहे हैं वो लड़की उनके पास तक पहुंचा दी जाएगी. इस मुख्य आरोपी का नाम शुभम गाडिलिंग है. शुभम ने अपने इन सोशल अकाउंट्स पर 200 से ज्यादा लड़कियों का प्रोफाइल कॉल गर्ल बताकर बना रखा है. मुंबई (Mumbai) में सात महिलाओं ने पुलिस से शिकायत करते हुए बताया कि कॉल गर्ल (Call Grls) के रूप में पिछले पांच वर्षों से सोशल मीडिया (Social Media) प्लेटफॉर्म पर उनकी तस्वीरे पोस्ट की जा रही है. इन फोटोज के साथ 'प्राइस टैग' भी लगाया गया था. शिकायत के बाद एंटॉप हिल पुलिस ने 22 वर्षीय एक व्यक्ति के खिलाफ केस दर्ज किया जो कि गिरफ्तारी के अगले दिन ही जमानत पर रिहा हो गया.

22 साल का शुभम तय करता था अपनी ही सहेलियो के रेट

इन महिलाओं ने मुंबई के वडाला में रहने वाले 22 साल के अपने दोस्त शुभम गाडलिग का नाम लिया. जो कि 12 से 25 साल तक की लड़कियों के प्रोफाइल बनाकर अपलोड करता था. ये सभी लड़कियां उसके कॉलेज, स्कूल, सोसाइटी, फैमिली फ्रेंड और रिश्तेदारों में से ही होती थीं. बता दें कि 22 साल का शुभम गाडलिंग कॉमर्स ग्रेजुएट है और शुभम के पेरेंट्स उसे आगे की पढाई के ले कनाडा भेजने की प्लानिंग कर रहे थे. मिड-डे की इस रिपोर्ट के मुताबिक शुभम सर्किल की सभी लड़कियों के फोटो और वीडियोज चुराता था और इनको अपने इंस्टाग्राम और टेलीग्राम एप पर फर्जी अकाउंट बनाकर उसमें अपलोड कर देता था. शुभम इन सभी लड़कियों को पेशे से कॉल गर्ल बताता था और फोटो के साथ ही एक प्राइस टैग भी लगा देता था. शुभम इन सभी लड़कियों की तस्वीरों को अपने फॉलोवर्स को पर्सनली भेजता था और उन लोगों को ये भी बताता था कि जिस कॉलगर्ल को आप पसंद करेंगे उसे आपके पास पहुंचा दिया जाएगा.

यह भी पढ़ेंः

Women Shocking: नौकरी के नाम पर बलात्‍कार, रस्‍सी से बांधकर दूसरी मंजिल से नीचे फेंका, बिजली के पोल पर लटकी

 लड़कियों के माता-पिता ने आरोपी को पीटा

कुछ समय पहले जब शुभम के पेरेंट्स को उसकी इस हरकत के बारे में पता चला तो उन्होंने उसे पीटा भी था. क्योंकि उन्होंने शुभम को कुछ महिलाओं की फोटोज भेजते हुए पकड़ लिया था. शिकायत करने वाली लड़कियों में एक लड़की नाबालिग भी है उसके अपने बयान में बताया कि मेरी तस्वीरें इंस्टाग्राम पर एक कॉल गर्ल के रूप में वायरल हुई थीं. मैं चौंक गई. मुझे अपने दोस्त गाडलिंग के इस काम के बारे में पता था मगर जब मैंने उससे पूछा तो पहले तो उसने मना कर दिया कि ये काम मैंने नहीं किया है फिर बाद में उसने खुद इस बात को कबूल कर लिया. जब मैंने शिकायत दर्ज कराई तो मुझे पता चला कि मेरी तरह उसने मेरी कई फ्रेंड्स के फोटो भी इसी तरह से अपलोड की हैं.

 हमारी बेटी को फोटो पर दे भद्दे कमेंट

इसी मामले में शिकायत करने वाले एक और पीडित पिता ने बताया कि हमें बहुत शर्म आई जब अंजान लोगों ने हमारी बेटी के फोटो पर भद्दे कमेंट कर रखे थे. हमने देखा कि ऐसे ही और भी बच्चियां शुभम की इस हरकत का शिकार हुई हैं. उन बच्चियों के फोटो पर भी लोगों ने इतने गंदे कमेंट्स कर रखे थे कि पढ़कर हमें शर्म आ रही थी. शुभम गाडलिंग ने इंस्टाग्राम और टेलीग्राम पर फर्जी अकाउंट और ग्रुप बनाए और सैकड़ों अज्ञात लोगों को जोड़ा था. जिनसे शुभम अपनी पसंद की लड़की का प्रोफाइल चुनने को कहता था. वरिष्ठ निरीक्षक नासिर कुलकर्णी ने कहा, “हमने सोशल मीडिया पर नाबालिगों और महिलाओं की तस्वीरें पोस्ट करने के आरोप में आरोपी शुभम गाडलिंग को गिरफ्तार किया है. हमने दो-तीन लड़कियों के बयान दर्ज किए हैं. हमें संदेह है कि 150-200 से अधिक लड़किया इसकी शिकार बनी हैं. हमें उसकी पर्याप्त पुलिस हिरासत नहीं मिली क्योंकि वह पिछले हफ्ते जमानत पर रिहा हो गया उनके परिवार ने हमें बताया कि वह अवसाद से पीड़ित है. हम उसके मेडिकल दस्तावेजों की जांच कर रहे हैं."